विराट कोहली ने कर दिखाया वो काम, आजतक नहीं कर पाया था कोई भारतीय कप्तान

कोलकाता में खेले गए पहले टेस्ट मैच में विराट कोहली ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर का 50वां शतक जमाया। इस शतकीय पारी के बावजूद टीम इंडिया इस मैच को जीतने में नाकाम रही। लेकिन इस मुकाबले में कप्तान कोहली ने एक ऐसा काम कर दिया जो आजतक कोई भी भारतीय कप्तान नहीं कर पाया था।

किसी भारतीय कप्तान ने पहली बार किया ये काम

श्रीलंका के खिलाफ खेले गए पहले टेस्ट मैच में विराट कोहली पहली पारी में खाता तक खोलने में नाकाम रहे थे। पहली पारी में कोहली भले ही शून्य पर आउट हो गए हों, लेकिन दूसरी पारी में शतक जमाकर उन्होंने एक ऐसी उपलब्धि हासिल कर ली, जिसे भारत का कोई भी कप्तान हासिल नहीं कर पाया था। विराट एक ही टेस्ट में शून्य और शतक लगाने वाले पहले भारतीय कप्तान और 18वें ओवरऑल कप्तान बने। भारतीय बल्लेबाजों में उनसे पहले चेतेश्वर पुजारा ने 2015 में कोलंबो में श्रीलंका के ही खिलाफ ऐसा किया था, जबकि भारतीय सरजमीं पर मिस्टर कूल राहुल द्रविड़ ने 2008 में मोहाली में इंग्लैंड के खिलाफ यह कारनामा किया था।

सबसे आगे निकले कोहली

कप्तान के तौर पर कोहली इस साल क्रिकेट के सभी प्रारूप में 09 शतक लगा चुके हैं। उनके अलावा कोई और कप्तान इस साल इतने या इससे ज्यादा शतक नहीं लगा पाया है। रिकी पोंटिंग (2005 और 2006) और ग्रीम स्मिथ (2006) ने एक साल में नौ शतक जड़े थे। कोहली को अभी इस साल छह अंतरराष्ट्रीय मैच और खेलने हैं तो उनके पास रिकॉर्ड तोड़ने का मौका है।

कोलकाता में कोहली ने दिल किया गार्डन-गार्डन

कोहली ने इस शतक से पहले ईडन गार्डस पर पिछली छह टेस्ट पारियों में 83 रन बनाए थे। वह चार टेस्ट पारियों में दहाई का आंकड़ा भी नहीं छू पाए थे। ईडन में इससे पहले टेस्ट मैचों में उनका रिकॉर्ड बेहद खराब था। हालांकि यहां उन्होंने वनडे की छह पारियों में एक शतक और तीन अर्धशतक लगाए हैं।

कोहली ने ठोका सबसे तेज़ शतक

119 गेंदों में कोहली ने अपने टेस्ट करियर का सबसे तेज शतक पूरा किया। इस दमदार पारी के दौरान उन्होंने 12 चौके और 2 गगनचुंबी छक्के भी जड़े। इससे पहले उन्होंने 2013-14 में वेलिंगटन में न्यूजीलैंड के खिलाफ 129 गेंदों में शतक लगाया था।